Maha Kumbh: अखाड़ों के शाही स्नान के क्रम में हुआ बदलाव, जानिए क्या है रूट प्लान

haridwar

हरिद्वार: महाकुंभ मेला में पुलिस ने 12, 14 और 27 अप्रैल के शाही स्नान के लिए संतों संग मंथन के बाद स्नान का क्रम निर्धारित कर लिया। संभावित रूट पुलिस ने तैयार किया। पर, एक बार फिर संतों संग बैठक में इसे अंतिम रूप दिया जाएगा। छावनियों से अखाड़ों के निकलने का समय भी निर्धारित कर लिया है। लेकिन अभी इसमें बदलाव संभव है। बीते कुंभ के रूट में भी बदलाव किया है। इस बार पहली बार चंडीचौक फ्लाईओवर से शाही जुलूस हरकी पैड़ी पहुंचेगा।

11 मार्च को संपन्न हुए पहले शाही स्नान पर जूना अखाड़े ने सबसे पहले हरकी पैड़ी पर स्नान किया था। लेकिन अब आगे के तीनों स्नान सबसे पहले निरंजनी अखाड़ा करेगा। निरंजनी के साथ ही सभी 13 अखाड़ों का स्नान क्रम तय हो चुका है। सबसे अंत में निर्मल अखाड़ा स्नान करेगा। तय हुए स्नान क्रम के अनुसार सबसे पहले निरंजनी अखाड़ा, इसके बाद जूना अखाड़ा, महानिर्वाणी अखाड़ा, बैरागी, बड़ा उदासीन, नया उदासीन और निर्मल अखाड़ा स्नान करेगा। सभी अखाड़ों के छावनियों से निकलने का समय भी निर्धारित किया है।

सुबह 9:30 बजे एक ओर से निरंजनी तो दूसरी ओर से जूना अखाड़ा अपनी छावनी से निकलेगा। निरंजनी अखाड़ा तुलसी चौक से शंकराचार्य चौक, हाईवे और फिर प्रशासनिक मार्ग से होते हुए पुल नंबर 1 से एंट्री करेगा। पुल नंबर 4 से वापसी होगी। बैरागियों के तीनों अखाड़े बैरागी कैंप से निकलते हुए हाईवे से होकर सीधा फ्लाईओवर से प्रशासनिक मार्ग पहुंचेंगे। निर्मल अखाड़ा की पेशवाई निर्मला छावनी से निकलकर वाल्मीकि चौक से शंकराचार्य चौक होकर हाईवे से हरकी पैड़ी पहुंचेगी। स्नान क्रम निर्धारित कर दिया गया है। इसी हिसाब से पुलिसकर्मियों की ड्यूटियां लगाई जाएंगी। रूट को लेकर संतों से एक चर्चा होनी शेष है।

अपर रोड का इस्तेमाल महाशिवरात्री के शाही स्नान के दिन किया जाता है। आने वाले तीनों शाही स्नान के दिन अपर रोड को एक तरह से रिजर्व रखा जाएगा। संतों को स्नान के लिए हाईवे से भेजा जाएगा। अपर रोड को जरूरत पड़ने पर वनवे किया जाएगा निरंजनी अखाड़े के साथ आनंद अखाड़ा, जूना अखाड़ा के साथ अग्नि और आह्वान, किन्नर अखाड़ा,  महानिर्वाणी के साथ अटल अखाड़ा, बैरागियों के निर्मोही, दिंगबर अणि, निर्वाणी अणि, बड़ा उदासीन, नया उदासीन और निर्मल अखाड़ा अकेले ही स्नान करेगा बैरागी अखाड़े को छोड़कर सभी अखाड़े शंकराचार्य चौक से होकर हरकी पैड़ी जाएंगे। इसी लिहाज से हरकी पैड़ी के बाद शंकराचार्य चौक सबसे महत्वपूर्व प्वाइंट पुलिस के  लिए होगा।